Emotional Shayari
Bhavnata aur ehsaas se bhara mood — jab dil bhar na aaye.
भावना से भरी शायरी जहाँ एहसास गहरा हो।
66 entries in this collection
तेरा चेहरा मेरी हवा का मौज
तेरा चेहरा मेरी हवा का मौज है,
और तेरी आँखें मेरी रात का साज़ा।
मैं जब भी तुझसे मिलता हूँ, लगता है
कि सारी थकान किसी ने मेरी साँस से उठा ली।
कभी सोचता हूँ, ख़ुदा ने बनाने में वक़्त कहाँ लगाया,
कि एक इंसान इतना सुंदर बन गया।
और तेरी आँखें मेरी रात का साज़ा।
मैं जब भी तुझसे मिलता हूँ, लगता है
कि सारी थकान किसी ने मेरी साँस से उठा ली।
कभी सोचता हूँ, ख़ुदा ने बनाने में वक़्त कहाँ लगाया,
कि एक इंसान इतना सुंदर बन गया।
तेरा सवाल और मेरा जवाब
तेरा सवाल और मेरा जवाब,
दोनों कभी मेरे हित में नहीं थे।
पर तूने पूछा तो मैंने कहा, हाँ,
और उस हाँ ने मुझे बहुत बदल दिया।
दोनों कभी मेरे हित में नहीं थे।
पर तूने पूछा तो मैंने कहा, हाँ,
और उस हाँ ने मुझे बहुत बदल दिया।
बारिश की तरह बहता ये दर्द
यह दर्द बारिश की तरह बहता है,
जहाँ भी ज़मीन मिले, रुक जाता है।
फिर ज़ोर से आता है, मगर धीमे,
जैसे कोई जाने कि कब रुक जाएगा।
जहाँ भी ज़मीन मिले, रुक जाता है।
फिर ज़ोर से आता है, मगर धीमे,
जैसे कोई जाने कि कब रुक जाएगा।
चुप्पी रहने में ही टूट जाता हूँ
चुप रहने में ही टूट जाता हूँ,
यह बात मैंने किसी को नहीं कही।
लोग कहते हैं, बोलो, आज़ाद रहोगे,
मैं बोलता हूँ और फिर चुप हो जाता हूँ।
कभी सोचता हूँ, यह कमज़ोरी है,
और कभी सोचता हूँ, यही इंसानियत है।
बीच में मैं हूँ, और कोई फ़ैसला नहीं।
यह बात मैंने किसी को नहीं कही।
लोग कहते हैं, बोलो, आज़ाद रहोगे,
मैं बोलता हूँ और फिर चुप हो जाता हूँ।
कभी सोचता हूँ, यह कमज़ोरी है,
और कभी सोचता हूँ, यही इंसानियत है।
बीच में मैं हूँ, और कोई फ़ैसला नहीं।
तीर चटक ने दिल में लिखा
तीर चटक ने दिल में लिख दिया,
कि कुछ बातें कही ही नहीं जातीं।
और मैं चलता रहा उसी शाम,
जैसे कोई बुझा हुआ दीपक।
कि कुछ बातें कही ही नहीं जातीं।
और मैं चलता रहा उसी शाम,
जैसे कोई बुझा हुआ दीपक।