Dosti Shayari

Yaari aur dosti par likhi shayari — dost ke liye ek line.

दोस्ती, यारी और साथ बिताए मोमेंट पर लिखी शायरी।

22 entries in this collection

Attitude 2 Line

दोस्त मुझे तोड़ा है तो

तू दोस्त है, ये मतलब पक्का है,
पर मेरे साथ चलना तेरी मर्ज़ी है।
Attitude 4 Line

दोस्ती में मेरी जगह अलग है

दोस्ती में मेरी जगह अलग है,
मैं नौकरीपेशा दोस्त नहीं हूँ।
मैं तो वो दोस्त हूँ जो मुसीबत में
सबके बीच खड़ा हो जाता है।
Dosti 4 Line

दोस्त बुरा होता तो तीर मारता

दोस्त बुरा होता तो तीर मारता,
सीधा सीने में, वरना क्या दोस्ती है।
मैंने ज़िंदगी भर पीठ पे वार सहने,
तू भी सीधा सीना मत कर, काम का है।
Dosti Long

तूने मेरी ग़लतें ढक दीं

तूने मेरी ग़लतें ढक दीं, बिना पूछे,
और बाद में डाँट भी दी, ये तेरी आदत थी।
लोग कहते हैं, दोस्त सच्चा वो है जो छोड़े,
पर जो चुप रहे, उसी से काम बनता है।

मैं एक बात सीखा हूँ इन दिनों,
कि दोस्ती में कोई छूट की जगह नहीं होती,
बस इज़्ज़त ज़रूरी है, बाक़ी सब माफ़।
Alone 2 Line

जिस दिन तुझसे मिला कोई

जिस दिन तुझसे मिला कोई, ठहर गया,
और जिस दिन तू नहीं था, बस रुक गया।
Dosti Short

चुप्पी रहते हैं यार, पसंद है मुझे

चुप्पी रहते हैं यार, पसंद है मुझे,
बातें कम, हमदद बढ़ती है।

शाम को छत पर बैठना, चाय का कप,
और बीच में बस चुप्पी, यही अपनापन है।
Dosti 2 Line

माँ के घर की रोटी

माँ के घर की रोटी आज भी अलग लगती है,
दुनिया की रोटी में दिल नहीं मिलता।
Dosti Short

रात को तेरी याद सबको बताऊँगा

रात को तेरी याद सबको बताऊँगा,
और वो लोग कहेंगे, सपना था।

मैं कहूँगा, सपना नहीं, अब ये सच में हो गया,
और सच में होने में वक़्त लगता है यार।
Dosti Long

दोस्ती में हिसाब नहीं रखना

दोस्ती में हिसाब नहीं रखा करते,
यही एक मिथक है, जिसे हमने चालू रखा है।
मैंने जो दिया, वो डाल के क्या हुआ,
लेकिन जो दिया, उसका क़र्ज़ अब भी बाक़ी है।

और सच यह है कि दोस्ती में ख़र्च होती है,
पर लिखा कहीं नहीं जाता, यही नेकनामी है।
और सबूत सिर्फ़ वो रात रहती है, जब दोनों थके होते।