Attitude Shayari

Apni pehchan aur confidence ke saath likhi lines — bina kisi ko chhedde.

आत्मविश्वास, मर्ज़ा और अपनी पहचान वाली शायरी — बिना किसी को चिढ़ाए।

34 entries in this collection

Attitude 2 Line

सर उठाकर चलता हूँ मैं

सर उठाकर चलता हूँ मैं,
रास्ता न मिले तो रास्ता बन जाता हूँ।
Attitude 2 Line

मैं वहीं हूँ जहाँ चाहूँ

जहाँ चाहूँ वहीं ठहर जाता हूँ,
जो मेरी मंज़िल हो, वो रास्ता भी मेरा।
Attitude 2 Line

दोस्त मुझे तोड़ा है तो

तू दोस्त है, ये मतलब पक्का है,
पर मेरे साथ चलना तेरी मर्ज़ी है।