फ़ोन बजे तो नाम देखता हूँ
फ़ोन बजते ही नाम देखता हूँ,
और याद आता है — ये वो नहीं है।
कॉल आने पर पुरानी याद का ज़िक्र करती एक क्वोट जैसी पंक्ति।
फ़ोन बजते ही नाम देखता हूँ,
और याद आता है — ये वो नहीं है।
कॉल आने पर पुरानी याद का ज़िक्र करती एक क्वोट जैसी पंक्ति।